#kavita, #quote, सोशल ईविल, humble ,kind and polite, kavita, life, Mental health and personality development, motivation, personality development, Society, solution of a problem, Uncategorized

"नारी विजयी बन जाती !"

न दर्द की मारी – बन जाती i
न फिर – बेचारी बन जाती ii
जो आज – उठा लेती खंजर iii
न निर्बल बेचारी -बन जाती iv

आवाज उठाओ – संघर्ष करो i
सौगंध उठाओ – अब ना डरो ii
बच जाती – निर्भया ,प्रियंका iii
जो न अबला – बन जाती iv

ना मर्दों की – भीड़ है i
चार पुरुषों की – जंजीर है ii
अगर न होता – पुुुुुरूष गैंग में

नारी विजयी -बन जाती iv

ना भूलो के – माता है i
नारी ,बहन – तुम्हारी है ii
आज न तुम – सम्मान करो iii
कल ,तुम्हारी – बारी है iv
इंसानियत से – सोचते गर v
बहन तुम्हारी – बन जाती vi

सोशल ईविल, kavita, life, personality development, shayree, Society, Uncategorized

"वक़्त की तलाश में …..!"

कयामत ,की रात -थी वो !
जब ,उसका – ज़वाल देखा !!
हर एक – शख्स के !!!
लब पे – सवाल देखा !!!!

मुकद्दर , किसी का – यूं !
बिगड़े न – इस तरह !!
अपनों की – थी महफिल !!!
गैरों सा – हाल देखा !!!!

वाबस्ता – जो , नहीं थे !
थे वो भी – वक्त की तलाश में !!
रखते थे – वह ,भी क्या !!!
दिल में – ख्याल ,देखा !!!!

दिल शिकनी – करके भी था !
खुद पर – जिन्हें गुरूर !!
इनायत – का उनकी !!!
क्या-क्या गुमान देखा !!!!

दिल से – निभाए जो !
बस ,शिद्दत – उसी में है !!
नाम के – रिश्तों का !!!
तो बस – कतले आम देखा !!!!

दुनिया है ये – इससे कोई !
तवकको – न कीजिए !!
गुलशन -उजाड़ कर भी !!!!
न ,इसको – मलाल देखा iv